एशिया-प्रशांत क्षेत्र के शेयर बाजारों में मंगलवार को जबरदस्त हलचल देखने को मिली। हैंग सेंग इंडेक्स समेत प्रमुख बाजारों में शुरुआती बढ़त के बाद गिरावट दर्ज की गई, जिससे निवेशकों की चिंता बढ़ गई। भारतीय बाजार खुलने से पहले ही एशियाई शेयरों में हाहाकार मच गया था।
हांगकांग का हैंग सेंग इंडेक्स दिन की शुरुआत में तेजी के साथ खुला, लेकिन कारोबार के दौरान उसकी रफ्तार धीमी पड़ गई। बाजार बंद होने तक मामूली बढ़त ही दर्ज हो पाई। निवेशकों का ध्यान इस सप्ताह जारी होने वाले अमेरिकी FOMC मिनट्स और Q4 GDP आंकड़ों पर केंद्रित है, जिससे बाजार में अनिश्चितता बनी हुई है।
अमेरिकी शेयर बाजार सोमवार को बंद रहे, जिससे वैश्विक बाजारों में कारोबार की दिशा को लेकर असमंजस देखा गया। फ्यूचर्स में तीनों प्रमुख अमेरिकी इंडेक्स सीमित दायरे में कारोबार करते दिखे। विशेषज्ञों का कहना है कि आगामी आर्थिक आंकड़े और अमेरिकी फेडरल रिजर्व की नीतियां निवेशकों के फैसलों को प्रभावित करेंगी।
भारतीय बाजारों में भी एशियाई बाजारों की हलचल का असर देखने को मिला। रिलायंस इंडस्ट्रीज और स्टेट बैंक ऑफ इंडिया के शेयरों में गिरावट दर्ज की गई। हालांकि, कुछ सेक्टरों में मामूली बढ़त रही, लेकिन कुल मिलाकर बाजार दबाव में नजर आए। विश्लेषकों के अनुसार, निवेशकों को फिलहाल सतर्कता बरतने की सलाह दी जा रही है।
इस हफ्ते बाजारों की निगाहें अमेरिकी PCE प्राइस इंडेक्स और GDP अनुमान पर टिकी हुई हैं। इन आंकड़ों से वैश्विक अर्थव्यवस्था की दिशा को लेकर संकेत मिल सकते हैं। एशियाई बाजारों में जारी उतार-चढ़ाव को देखते हुए निवेशकों के लिए अगले कुछ दिन चुनौतीपूर्ण साबित हो सकते हैं।
आर्थिक विशेषज्ञों का कहना है कि मौजूदा हालात में बाजारों में अचानक तेज उतार-चढ़ाव संभव है। निवेशकों को वैश्विक घटनाक्रम और आर्थिक आंकड़ों पर नजर रखने की सलाह दी जा रही है। वहीं, हैंग सेंग इंडेक्स की चाल आने वाले दिनों में अन्य एशियाई बाजारों की दिशा तय कर सकती है।
