होली का त्योहार देशभर में उत्साह और रंगों के साथ मनाया जाता है। हर साल लोगों के मन में यह सवाल उठता है कि होली कब है और इसका सही मुहूर्त क्या है। इस बार भी इंटरनेट पर "होली कब है" की सर्च तेजी से बढ़ रही है, जिससे साफ है कि लोग इस पर्व की तारीख और पूजा विधि जानने को उत्सुक हैं।
होली मुख्य रूप से दो दिनों तक मनाई जाती है। पहला दिन होलिका दहन के नाम से जाना जाता है, जिसे छोटी होली भी कहते हैं। दूसरे दिन धुलेंडी या रंगवाली होली होती है, जब लोग एक-दूसरे पर रंग डालकर जश्न मनाते हैं। होलिका दहन के दिन शाम को शुभ मुहूर्त में अग्नि जलाई जाती है, जो बुराई पर अच्छाई की जीत का प्रतीक है।
मथुरा और वृंदावन में होली का जश्न अलग ही अंदाज में मनाया जाता है। यहां फूलों और लड्डुओं की होली खेली जाती है, जिसमें लोग एक-दूसरे पर लड्डू और फूल बरसाते हैं। यह परंपरा कृष्ण नगरी की पहचान बन चुकी है और दूर-दूर से लोग इसमें शामिल होने आते हैं।
2026 में होली की तारीख को लेकर अलग-अलग स्रोतों में चर्चा है। कई रिपोर्ट्स के मुताबिक, छोटी होली यानी होलिका दहन 2 या 3 मार्च को हो सकता है, जबकि रंगवाली होली अगले दिन मनाई जाएगी। तारीखों में अंतर इसलिए आता है क्योंकि पर्व की तिथि पंचांग और मुहूर्त के अनुसार तय होती है।
होलिका दहन के लिए पूजा विधि भी बेहद महत्वपूर्ण है। इस दिन परिवार के लोग शाम को होलिका के चारों ओर एकत्र होते हैं, पूजा करते हैं और अग्नि में अर्पण सामग्री डालते हैं। मान्यता है कि इससे नकारात्मकता का अंत होता है और सुख-समृद्धि आती है।
होली का पर्व सामाजिक सौहार्द, भाईचारे और खुशियों को बढ़ावा देता है। रंगों की होली लोगों को करीब लाती है और पुरानी दुश्मनी भूलकर दोस्ती की शुरुआत होती है। कई शहरों और गांवों में होली के दिन विशेष आयोजन, गीत-संगीत और भजन-कीर्तन होते हैं।
अगर आप भी होली की तारीख और पूजा विधि के बारे में जानकारी चाहते हैं, तो अपने स्थानीय पंचांग या विश्वसनीय स्रोत से तिथि और शुभ मुहूर्त जरूर जान लें। इस बार भी होली का त्योहार पूरे देश में रंग-बिरंगी खुशियों के साथ मनाया जाएगा।
यह खबर AI-powered ऑटो-ब्लॉगर द्वारा Google Trends के आधार पर तैयार की गई है। विस्तृत जानकारी के लिए मूल स्रोत देखें। — PTN, Prime Today News
